Brief By Jagran.com / 5:38 PM on 03 Oct 2026
कनाडा में जबरन वसूली से जुड़े एक मामले में भारतीय मूल के पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस और मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, आरोपियों के खिलाफ जबरन वसूली के अलावा गोलीबारी, आगजनी, हथियारों की तस्करी और ड्रग्स से संबंधित अपराधों के आरोप भी लगाए गए हैं. रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (RCMP) ने शुक्रवार को जारी बयान में बताया कि ये गिरफ्तारियां करीब 16 महीने तक चली जांच के बाद की गई हैं. मामला एक ऑटो डीलरशिप से जुड़ा है, जिसके सह-मालिकों ने जून 2025 में कथित तौर पर जबरन वसूली की मांग मिलने की शिकायत पुलिस से की थी.
पुलिस के मुताबिक, शिकायत मिलने के बाद जांच शुरू की गई. इसी दौरान ब्रिटिश कोलंबिया के लैंगली और सरे में स्थित डीलरशिप से जुड़ी आगजनी और गोलीबारी की दो घटनाएं भी सामने आईं. इसके बाद जांच का दायरा बढ़ाया गया और मामले से जुड़े संदिग्धों की गतिविधियों की पड़ताल की गई. पुलिस ने गिरफ्तार किए गए सभी पांच लोगों को विदेशी नागरिक बताया है. अधिकारियों के अनुसार, जांच में जबरन वसूली के साथ अन्य कथित आपराधिक गतिविधियों से जुड़े पहलुओं को भी शामिल किया गया. फिलहाल आरोपों की न्यायिक प्रक्रिया के तहत जांच और सुनवाई आगे बढ़ेगी.
गिरफ्तार आरोपियों में 23 वर्षीय संकेत सिंगला भी शामिल है, जिसे पुलिस ने भारत का रहने वाला बताया है. अधिकारियों के मुताबिक, कनाडा में प्रवेश संबंधी जांच के दौरान गुरुवार को टोरंटो पियर्सन इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उसे गिरफ्तार किया गया. अन्य आरोपियों में 24 वर्षीय साहिल, 24 वर्षीय सिमरनजीत सिंह और 21 वर्षीय हर्ष शामिल हैं, जिन्हें ब्रिटिश कोलंबिया का निवासी बताया गया है. इसके अलावा 24 वर्षीय जगदीप सिंह को ओंटारियो का निवासी बताया गया है. पुलिस के मुताबिक, इन चारों को सरे में गिरफ्तार किया गया. मामले में आगे की जांच जारी है और आरोप अभी अदालत में साबित होने बाकी हैं.