Brief By Newsbrief / 3:44 PM on 17 Apr 2026
दुमका में इन दिनों मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है, जिसका असर अब इंसानों के साथ-साथ जानवरों पर भी पड़ने लगा है। शहर और आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में स्ट्रीट डॉग्स की मौत हो रही है, जिससे पशुप्रेमियों में चिंता बढ़ गई है।
विशेषज्ञों के अनुसार, इन मौतों के पीछे कैनाइन डिस्टेंपर नामक खतरनाक वायरल बीमारी है, जो लंबे समय बाद फिर से सक्रिय हुई है। प्रांतीयकृत पशु शल्य चिकित्सालय के कनीय पशु चिकित्सक डॉ. अवध कुमार झा ने बताया कि यह संक्रामक रोग कुत्तों के श्वसन, पाचन और तंत्रिका तंत्र को प्रभावित करता है।
इस बीमारी के लक्षणों में बुखार, खांसी, आंख और नाक से स्राव, उल्टी-दस्त और गंभीर स्थिति में शरीर में कंपन्न शामिल हैं। विशेष रूप से जिन कुत्तों का समय पर टीकाकरण नहीं हुआ है, वे इसकी चपेट में तेजी से आ रहे हैं।
हालांकि, इस बीमारी से बचाव संभव है। पशु चिकित्सकों ने नियमित टीकाकरण, साफ-सफाई और संक्रमित कुत्तों को अलग रखने की सलाह दी है। स्ट्रीट डॉग्स के टीकाकरण पर विशेष ध्यान देने की जरूरत बताई गई है, ताकि इस बीमारी पर काबू पाया जा सके।