Brief By Newsbrief / 4:59 PM on 16 Apr 2026
झारखंड कैबिनेट ने राज्य में लघु खनिजों के खनन, प्रबंधन और राजस्व संग्रह को अधिक व्यवस्थित बनाने की दिशा में बड़ा निर्णय लिया है। कैबिनेट ने लघु खनिजों पर प्रबंधन शुल्क वसूलने के प्रस्ताव के साथ झारखंड लघु खनिज रियायत (संशोधन) नियमावली, 2026 को मंजूरी प्रदान कर दी है।
नई नियमावली के अनुसार बालू और पत्थर खदानों की लीज अवधि 10 वर्ष निर्धारित की गई है, जबकि ग्रेनाइट के लिए यह अवधि 30 वर्ष रखी गई है। सरकार का मानना है कि लंबी लीज अवधि से निवेशकों को स्थिरता मिलेगी, खनन कार्यों में पारदर्शिता आएगी और अवैध खनन पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।
इसके साथ ही प्रबंधन शुल्क वसूली की नई व्यवस्था से राज्य सरकार के राजस्व में भी उल्लेखनीय वृद्धि होने की संभावना है। अधिकारियों के अनुसार, इस संशोधन से खनन क्षेत्र में स्पष्ट नियम लागू होंगे, जिससे संसाधनों का वैज्ञानिक दोहन और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में भी सहायता मिलेगी। यह फैसला राज्य के खनन उद्योग और राजकोषीय स्थिति दोनों के लिए अहम माना जा रहा है।