Brief By Newsbrief / 12:08 PM on 19 Jan 2026
रांची:झारखंड सरकार राज्यवासियों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सुविधा देने की दिशा में बड़ा कदम उठाने जा रही है। मुख्यमंत्री अबुआ स्वास्थ्य योजना का विस्तार तय माना जा रहा है। सरकार मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना को अबुआ स्वास्थ्य योजना में समाहित करने की तैयारी कर रही है, जिससे गंभीर रोगों से पीड़ित मरीजों को अधिक आर्थिक सहायता और इलाज की सुविधा मिल सके।
प्रस्ताव के लागू होने के बाद अबुआ स्वास्थ्य योजना के लाभार्थियों को प्रतिवर्ष 15 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया जाएगा। वर्तमान में मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना के तहत जीवनकाल में अधिकतम 20 लाख रुपये तक की सहायता दी जाती है। इस योजना के एकीकरण को लेकर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में अहम बैठक हुई, जिसमें सहमति बनी।
बैठक में निर्णय लिया गया कि गंभीर बीमारी उपचार योजना में सूचीबद्ध सभी रोगों को अबुआ स्वास्थ्य योजना में शामिल किया जाएगा। इस प्रस्ताव पर पहले स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की स्वीकृति ली जाएगी, इसके बाद इसे कैबिनेट के समक्ष रखा जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि नई व्यवस्था इसी वर्ष लागू हो।
नई प्रणाली के तहत गंभीर बीमारियों का इलाज प्राथमिक रूप से झारखंड के सरकारी और सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में किया जाएगा। राज्य में इलाज संभव नहीं होने पर ही मरीज को बाहर रेफर किया जाएगा। यह पहल खासतौर पर हार्ट, कैंसर, किडनी और लिवर जैसी गंभीर बीमारियों से जूझ रहे गरीब परिवारों के लिए बड़ी राहत साबित होगी।