Brief By Newsbrief / 5:59 PM on 18 Jan 2026
भारतीय खान प्रबंधक संघ (इम्मा) धनबाद ने खनन उद्योग की चुनौतियों पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया. इस संगोष्ठी में खनन क्षेत्र के विशेषज्ञ, अधिकारी और उद्योग जगत के प्रतिनिधि शामिल हुए. आयोजन का मुख्य उद्देश्य खनन उद्योग में उभरती समस्याओं पर चर्चा करना और समाधान के लिए सुझाव जुटाना था.बीसीसीएल के CMD मनोज अग्रवाल ने संगोष्ठी में कोयला चोरी और कोयले की गुणवत्ता को धनबाद की अर्थव्यवस्था के लिए प्रमुख चुनौतियां बताया. उन्होंने कहा कि धनबाद की अर्थव्यवस्था का 52% हिस्सा कोयला आधारित है, इसलिए कोयला चोरी और घटिया गुणवत्ता से क्षेत्र की आर्थिक स्थिति प्रभावित हो रही है.अग्रवाल ने यह भी कहा कि कोयला चोरी से सरकारी खजाने को भारी नुकसान होता है और साथ ही कानूनी रूप से भी यह गंभीर अपराध है. उन्होंने खनन कंपनियों और स्थानीय प्रशासन से मिलकर कठोर कदम उठाने की जरूरत पर जोर दिया.संगोष्ठी में विभिन्न हितधारकों ने खनन में तकनीकी नवाचार, निगरानी प्रणाली, ट्रैकिंग और समुदाय आधारित निगरानी जैसे उपायों पर चर्चा की. उन्होंने कहा कि कोयला चोरी रोकने के लिए आधुनिक तकनीक के साथ-साथ स्थानीय लोगों को भी जागरूक और सहभागी बनाना होगा।आयोजन के अंत में प्रस्ताव पारित किए गए, जिनमें कोयला चोरी रोकने और गुणवत्ता सुधारने के लिए समयबद्ध रणनीतियों को लागू करने का आग्रह किया गया.