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राजधानी रांची में पुलिस हाई अलर्ट पर, सुबह से ही बंदी का दिख रहा व्यापक असर

Brief By Newsbrief / 7:08 PM on 21 Aug 2024


रांची :भारत बंद को लेकर झारखंड पुलिस हाई अलर्ट पर है। रांची समेत राज्य के विभिन्न जिलों में बंद समर्थकों से सख्ती से निपटने के निर्देश जारी किए गए हैं। बंद समर्थकों द्वारा किसी भी तरह का उत्पात मचाने से रोकने के लिए राजधानी रांची में 1500 से  अधिक बलों की तैनाती की गई है । बलों में रैफ , जैप , आईआरबी , जिला सशस्त्र पुलिस के अलावा झारखंड जगुआर और क्यूआरटी शामिल हैं । रांची में बंद पर नजर रखने के लिए विभिन्न चौक - चौराहों पर स्टैटिक बलों की तैनाती की गई है । रांची के एसपी चंद्र कुमार सिन्हा ने बताया कि बंद के मद्देनजर बुधवार सुबह से ही पूरे शहर में सुरक्षा बलों की तैनाती कर दी गई है । सभी थानेदारों को भ्रमणशील रहने का निर्देश दिया गया है । सभी डीएसपी को क्वारंटीन किया गया है । उत्पात और तोड़फोड़ करने वाले बंद समर्थकों से सख्ती से निपटने के निर्देश दिए गए हैं । एसपी ने बताया कि अल्बर्ट एक्का चौक पर अग्निशमन और वाटर कैनन की भी तैनाती की गई है          

 

कंट्रोल रूम से रखी जा रही नजर

 

राजधानी  रांची के कोने कोने मे सीसीटीवी  के  जरिए  कंट्रोल रूम से नजर रखी जा रही है. राजधानी रांची मे आज  भारत के समर्थन मे जगह जगह पर टायर जलाकर प्रदर्शन कर रहे है साथ ही आने जाने वाले गाड़ियों को भी रोका जा रहा है. इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. रांची के चौक चौराहों पर अनुभवी फोटोग्राफर को रखा गया है. साथ ही  हर  जगह वीडियोग्राफी  भी हो रही है. ताकि असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रही जाए.

 

बस स्टैन्ड पर पसरा सन्नाटा

 

रांची के सरकारी बस स्टैन्ड पर सन्नाटा पसरा हुआ है.  भारत बंद का लोगों को पहले से  मालूम था इस वजह से आज लोग बाहर नहीं जा रहे है. लेकिन  कुछ लोग अभी भी बस स्टैन्ड पर आ रहा है. लवकीन बंदी की वजह से बस स्टैन्ड पर ही लगे हुए है. इस वजह से लोगों को आने जाने मे काफी परेशानी का सामना  करना पड़ रहा है.

 

ओबीसी मोर्चा ने  किया समर्थन

 

रांची के हरमु चौक पर बंद के मर्तन मे आए लोगों का कहना है, की ये सुझाव हमे नहीं पसंद है. सुप्रीम कोर्ट से लेकर केंद्र सरकार तक सब लोग मिले  हुए है. इसलिए हम आज भारत  बंद के समर्थन मे आ रहे है.  इस तरह से जाति के आधार पर बांटना ही बिल्कुल भी मंजूर नहीं है. इस वजह से आज बंद का समर्थन करके हम अपने हक की मांग  कर रहे है.

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